
देहरादून: चारधाम यात्रा के आरंभ होते ही उत्तराखंड में बिजली की मांग में बड़ा इजाफा देखने को मिलता है। विशेष रूप से बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब जैसे पवित्र तीर्थस्थलों पर श्रद्धालुओं की भारी आवाजाही के कारण विद्युत आपूर्ति का दबाव कई गुना बढ़ जाता है। इस बार भी उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (UPCL) ने मांग के अनुसार 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
बिजली की मांग में अनुमानित वृद्धि
चारधाम यात्रा के दौरान प्रदेश में बिजली की कुल मांग में करीब 8 से 10 मेगावाट तक की बढ़ोतरी होती है। अकेले बदरीनाथ में 2.5 मेगावाट, केदारनाथ में 2 मेगावाट, गंगोत्री में 1.5 मेगावाट, यमुनोत्री में 2 मेगावाट और हेमकुंड साहिब में लगभग 2 मेगावाट अतिरिक्त विद्युत आपूर्ति की आवश्यकता पड़ती है।
केदारनाथ धाम के लिए विशेष व्यवस्थाएं
- 200 किलोवाट की लघु जल विद्युत परियोजना की मरम्मत पूरी कर ली गई है, जिससे 25 अप्रैल तक उत्पादन शुरू कर दिया जाएगा।
- 33 केवी गुप्तकाशी से सोनप्रयाग तक की लाइन, और 11 केवी लॉपिंग-चॉपिंग का काम पूर्ण हो चुका है।
- गौरीकुंड से केदारनाथ तक क्षतिग्रस्त 11 केवी और एलटी लाइन की मरम्मत, स्ट्रीट लाइट लाइन सहित पूरी हो चुकी है।
- गुप्तकाशी-सोनप्रयाग लाइन और 33 केवी सब-स्टेशन की क्षमता में भी वृद्धि कर दी गई है।
- यात्रा के दौरान आपूर्ति बनाए रखने के लिए दो सहायक अभियंता, पांच अवर अभियंता और 26 मजदूरों को मौके पर तैनात किया गया है।
- आपात स्थिति में आपूर्ति बनाए रखने के लिए रुद्रप्रयाग से तीन अतिरिक्त स्रोतों से बिजली दी जाएगी।
बदरीनाथ में बिजली व्यवस्था
- धाम में स्थित 1300 किलोवाट की जल विद्युत परियोजना से स्थानीय आपूर्ति की जा रही है।
- 25 केवीए जेनरेटर से आंतरिक प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जाती है।
- लाइनों की मरम्मत का काम पूर्ण हो चुका है।
- अत्यधिक लोड की स्थिति से निपटने के लिए 33 केवी का नया सब स्टेशन बनाया जाएगा, जिसके लिए भूमि आवंटन की प्रक्रिया जारी है।
- पांडुकेश्वर सब स्टेशन की क्षमता को भी 25 अप्रैल तक बढ़ा दिया जाएगा।
गंगोत्री और यमुनोत्री में भी तैयारियां पूरी
- दोनों तीर्थस्थलों पर लाइनों की मरम्मत पूरी कर ली गई है।
- यमुनोत्री में दो नए ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं। पहले यहां पांच किलोमीटर दूर से एलटी लाइन आती थी, अब इसे सुधारते हुए 24 घंटे बिजली आपूर्ति की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
UPCL के अधिकारियों के अनुसार, इस बार की चारधाम यात्रा में बिजली व्यवस्था को लेकर किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी ज़रूरी तैयारियां युद्धस्तर पर पूरी कर ली गई हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सरकार और विभाग सतत निगरानी कर रहे हैं।