सावन संक्रांति पर केदारनाथ धाम में बीकेटीसी ने विश्व शांति के लिए रुद्राभिषेक पूजा की शुरुआत

केदारनाथ: सावन संक्रांति के पावन अवसर पर बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) ने ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग केदारनाथ धाम में जगत कल्याण और विश्व शांति के संकल्प के साथ रुद्राभिषेक पूजा का शुभारंभ किया। यह विशेष पूजा पूरे सावन मास तक प्रतिदिन ब्रह्मकमल के पुष्पों से संपन्न की जाएगी।
बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल ने जानकारी देते हुए बताया कि भगवान केदारनाथ की यह विशेष पूजा ब्रह्मकमल अर्पित कर की जा रही है, जो हिमालयी क्षेत्र में दुर्लभ और धार्मिक दृष्टि से अत्यंत पूजनीय पुष्प माना जाता है। साथ ही सावन संक्रांति और हरेला पर्व के अवसर पर ब्रह्मकमल के पौधों का रोपण भी धाम परिसर में किया गया।
गौरतलब है कि सावन माह में केदारनाथ धाम में पूजा-अर्चना का विशेष महत्व होता है। इस पवित्र अवसर पर देशभर से श्रद्धालु, विशेष रूप से कांवड़ यात्री, भारी संख्या में केदारनाथ धाम पहुंच रहे हैं। वहीं स्थानीय भक्तों का भी निरंतर आगमन जारी है।
बीकेटीसी के मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ ने बताया कि केदारनाथ मंदिर रोज़ ब्रह्ममुहूर्त में तीर्थयात्रियों के दर्शन के लिए खोला जा रहा है, जहां श्रद्धालु भगवान का जलाभिषेक और दुग्धाभिषेक कर पुण्य प्राप्त कर रहे हैं।
आज सावन संक्रांति के दिन रुद्राभिषेक पूजा में बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल के साथ तीर्थ पुरोहित उमेश पोस्ती, केदार सभा के पदाधिकारी, प्रभारी अधिकारी यदुवीर पुष्पवान, प्रबंधक अरविंद शुक्ला, शैलेन्द्र शुक्ला, पारेश्वर त्रिवेदी और कुलदीप धर्म्वाण ने भगवान केदारनाथ को ब्रह्मकमल अर्पित कर पूजा संपन्न की। यह आयोजन आध्यात्मिक ऊर्जा, पर्यावरण संरक्षण और सामूहिक शांति की भावना को समर्पित रहा।