डीएम द्वार पर 180 फरियादियों की समस्याओं का त्वरित समाधान, अंजलि को मिली मेडिकल कॉलेज की फीस

देहरादून: जिलाधिकारी सविन बसंल की अध्यक्षता में सोमवार को ऋषिपर्णा सभागार कलेक्ट्रेट में आयोजित साप्ताहिक जनदर्शन कार्यक्रम में 180 से अधिक फरियादियों ने अपनी शिकायतें प्रस्तुत कीं। मुख्यमंत्री के संकल्प से प्रेरित इस जनदर्शन कार्यक्रम में भूमि कब्जा, आपसी विवाद, अतिक्रमण, भरण-पोषण अधिनियम, नंदा-सुनंदा योजना सहित विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतें आईं।
कौलागढ़ निवासी ममता चंद ने अपनी पुत्री अंजलि चंद के लिए आर्थिक सहायता की गुहार लगाई, जिसने नीट परीक्षा उत्तीर्ण कर दून मेडिकल कॉलेज में प्रवेश पाया है।
2.50 लाख रुपये की आवश्यकता पर डीएम ने मौके पर ही स्वीकृति देते हुए मुख्य विकास अधिकारी और जिला कार्यक्रम अधिकारी को नंदा-सुनंदा प्रोजेक्ट के तहत कार्यवाही के निर्देश दिए।
शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में भी त्वरित निर्णय लिए गए। पूजा देवी, धीरज सिंह रावत और केहरी गांव की छात्रा मुस्कान को भी नंदा-सुनंदा योजना के तहत आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए गए।
कांवली रोड निवासी स्नातक सुनैना गौड़ को योग्यता के अनुसार निजी संस्थान में रोजगार दिलाने और बंजारावाला निवासी रूपाली को रोजगारपरक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
न्याय के मामले में भी संवेदनशीलता दिखाई गई जब शास्त्रीपुरम रायपुर के बुजुर्ग गोपीचरण, हरबर्टपुर के खेमसिंह रावत और विकासनगर की पूरणा देवी को निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
त्वरित कार्यवाही का एक उत्कृष्ट उदाहरण तब देखने को मिला जब कुल्हाल निवासी एक शिकायतकर्ता ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर अतिक्रमण की शिकायत की।
डीएम के निर्देश पर तहसीलदार विकासनगर की टीम ने मात्र 2 घंटे के भीतर अवैध कब्जे को पूर्णतः ध्वस्त कर दिया। इसी प्रकार ननूरखेड़ा निवासी आशा ठाकुर की प्राथमिक विद्यालय और आंगनबाड़ी केंद्र में शौचालय और भवन की खराब स्थिति की शिकायत पर जिला शिक्षा अधिकारी को तत्काल निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
इस जनदर्शन कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के मिश्रा, अपर नगर आयुक्त रजा अब्बास, उप जिलाधिकारी अपूर्वा सिंह और कुमकुम जोशी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।