
देहरादून: बालाजी सेवा समिति द्वारा देहरादून में आयोजित 16वें सामूहिक शुभ विवाह समारोह के अंतर्गत शनिवार को भव्य बारात धूमधाम से निकाली गई। इस वर्ष समिति द्वारा कुल 52 कन्याओं का विवाह संपन्न कराया जा रहा है, जबकि अब तक समिति 467 से अधिक जरूरतमंद कन्याओं का विवाह सफलतापूर्वक करा चुकी है।
शनिवार शाम 3:00 बजे बारात का प्रस्थान गोपीनाथ से हुआ। बारात दर्शन लाल चौक, घंटाघर, पलटन बाजार, धामावाला बाजार, हनुमान चौक, झंडा बाजार होते हुए सहारनपुर चौक के मार्ग से शिवाजी धर्मशाला पहुंची। पारंपरिक ढोल-नगाड़ों, बैंड-बाजों और उल्लासपूर्ण माहौल के बीच घोड़े पर सवार दूल्हे बेहद प्रसन्न नजर आए। मार्ग में जगह-जगह लोगों ने पुष्पवर्षा कर बारात का स्वागत किया।
सायं 7:00 बजे मेहंदी रस्म का आयोजन किया गया, जिसमें परिजनों और आयोजकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई।
समिति ने जानकारी दी कि 28 दिसंबर 2025 को सामूहिक शुभ विवाह का मुख्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस दिन प्रातः 11:00 बजे बारात का स्वागत किया जाएगा तथा सायं 5:00 बजे वर-वधुओं की विदाई की रस्म संपन्न होगी। सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन हिन्दू नेशनल इंटर कॉलेज, लक्ष्मण चौक, देहरादून में किया जाएगा।
समिति के संस्थापक एवं अध्यक्ष अखिलेश अग्रवाल ने बताया कि सभी विवाह पूर्ण धार्मिक परंपराओं के साथ संपन्न कराए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि वर-वधुओं का चयन उत्तराखंड के विभिन्न जिलों से किया गया है।
वहीं श्रवण वर्मा ने जानकारी दी कि इस वर्ष 52 कन्याओं का सामूहिक विवाह कराया जा रहा है, जबकि अगस्त 2026 में 11 कन्याओं के सामूहिक विवाह का आयोजन भी प्रस्तावित है।
बालाजी सेवा समिति का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों का विवाह सम्मानपूर्वक कराना है। समिति द्वारा विवाह से संबंधित समस्त खर्च वहन किया जाता है। साथ ही विवाह उपरांत नवदंपतियों को आवश्यक घरेलू सामग्री और दैनिक उपयोग की वस्तुएं भी प्रदान की जाती हैं, जिससे वे अपने नए जीवन की शुरुआत आत्मसम्मान के साथ कर सकें।
इस आयोजन को सफल बनाने में अखिलेश अग्रवाल, श्रवण वर्मा, ओ.पी. गुप्ता, संजय अग्रवाल, सचिन गुप्ता, चंद्रेश अरोड़ा और मनोज खंडेलवाल सहित समिति के पदाधिकारियों एवं आयोजकों का विशेष योगदान रहा।