
नई दिल्ली: मोदी सरकार अब सहकारी मॉडल पर आधारित टैक्सी सर्विस शुरू करने जा रही है, जिससे बाइक, रिक्शा और कार चालक सीधे रजिस्ट्रेशन कर सेवा का हिस्सा बन सकेंगे। इससे जनता को सस्ते किराए पर यात्रा सुविधा मिलेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार भी बढ़ेगा।
अमित शाह ने त्रिभुवन सहकारी विश्वविद्यालय विधेयक पर चर्चा का जवाब देते हुए सहकारिता मंत्रालय के भावी प्लान का खुलासा किया। चर्चा के बाद बिल पास हो गया। गृहमंत्री ने कहा कि आने वाले कुछ ही समय में कोऑपरेटिव इंश्योरेंस कंपनी देश की सभी कोऑपरेटिव व्यवस्था का इंश्योरेंस करेगी। कुछ ही समय में प्राइवेट सेक्टर में भी यह सबसे बड़ी को-ऑपरेटिव इंश्योरेंस कंपनी बन जाएगी।
अमित शाह ने टैक्सी सर्विस के बारे में बताया कि कुछ ही महीनों में को-ऑपरेटिव बेसिस पर इसकी शुरुआत होगी। ओला-उबर जैसी ही यह व्यवस्था होगी। लेकिन, इसमें सबसे बड़ा अंतर होगा कि इसमें मुनाफा किसी धन्नासेठों के हाथ में नहीं जाएगा, वो सीधे ड्राइवर के पास जाएगा। सहकार टैक्सी सर्विस में बाइक, कार के साथ रिक्शा भी रजिस्ट्रेशन होगा।
गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि ‘सहकार से समृद्धि’ ये सिर्फ एक नारा नहीं है, जमीन पर उतारने के लिए साढ़े तीन साल में सहकारिता मंत्रालय ने दिन-रात एक कर दिया।