
देहरादून: राजधानी देहरादून स्थित लोक भवन में शुक्रवार से तीन दिवसीय वसंतोत्सव-2026 का भव्य आगाज हो गया। 27 फरवरी से 1 मार्च तक आयोजित होने वाले इस उत्सव का शुभारंभ उत्तराखंड के राज्यपाल ने विधिवत रूप से किया। उद्घाटन अवसर पर सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और पारंपरिक कार्यक्रमों ने समां बांध दिया।
इस वर्ष वसंतोत्सव को तकनीकी रूप से और अधिक उन्नत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालयद्वारा विकसित एआई आधारित एप के माध्यम से उत्सव में आने वाले आगंतुकों की डिजिटल गणना की जाएगी। यह पहल न केवल भीड़ प्रबंधन को बेहतर बनाएगी, बल्कि आयोजन की पारदर्शिता और डेटा विश्लेषण में भी सहायक होगी।
आयोजकों के अनुसार, आगंतुक अपनी सुविधा के लिए आधिकारिक वेबसाइट पर स्वैच्छिक पंजीकरण भी करा सकते हैं। इससे उन्हें कार्यक्रम की जानकारी, गतिविधियों का शेड्यूल और अन्य आवश्यक सूचनाएं समय-समय पर मिलती रहेंगी।
उद्घाटन अवसर पर राज्यपाल ने वसंतोत्सव के प्रचार-प्रसार के लिए तैयार किए गए प्रचार वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि वसंतोत्सव उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, हस्तशिल्प, कृषि उत्पादों और स्थानीय परंपराओं को एक मंच प्रदान करता है। यह आयोजन प्रदेश के कलाकारों, शिल्पकारों और उद्यमियों के लिए भी महत्वपूर्ण अवसर है।
तीन दिनों तक चलने वाले इस उत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों, लोक कला प्रस्तुतियों, पुष्प प्रदर्शनी, स्थानीय उत्पादों की प्रदर्शनी और विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात प्रबंधन के पुख्ता इंतजाम किए हैं।
वसंतोत्सव-2026 को लेकर शहरवासियों और पर्यटकों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। आयोजकों को उम्मीद है कि इस बार आगंतुकों की संख्या पिछले वर्षों के मुकाबले अधिक रहेगी, जिसकी सटीक गणना अब एआई तकनीक के माध्यम से संभव हो सकेगी।