देहरादून

देहरादून: प्रेम त्रिकोण में ई-रिक्शा चालक की हत्या, तीन को फांसी की सजा

देहरादून:सेशन जज प्रथम महेश चंद्र कुशवाहा की अदालत ने गुच्चुपानी में ई-रिक्शा चालक की निर्मम हत्या के मामले में पांच आरोपियों को दोषी करार देते हुए कड़ी सजा सुनाई है। अदालत ने सुपारी लेकर हत्या करने वाले तीन दोषियों शाहरुख, अरशद और रवि कश्यप को फांसी की सजा दी है, जबकि हत्या का षड्यंत्र रचने वाले साबिर अली और रईस खान को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। सभी दोषियों पर 25-25 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है।

यह मामला प्रेम त्रिकोण और पारिवारिक कलह का परिणाम था। साल 2014 में मेहुवाला निवासी एक व्यक्ति का निकाह हुआ था और उसके दो बच्चे थे। शराब की लत के कारण पति-पत्नी के बीच अक्सर झगड़े होते रहते थे। 2019 में महिला के पड़ोसी सेनेटरी दुकानदार साबिर अली के साथ अवैध संबंध बन गए, जिसका पता उसके पति को चल गया। इससे पारिवारिक स्थिति और भी बिगड़ गई और दैनिक कलह का सिलसिला शुरू हो गया।

जुलाई 2021 में साबिर ने अपनी प्रेमिका को अपने साढ़ू के घर भगवानपुर रुड़की भिजवा दिया। छह महीने बाद जनवरी 2022 में पति के परिवार वाले उसे समझा-बुझाकर वापस ले आए। लेकिन घर वापसी के बाद महिला और साबिर के संबंध और भी गहरे हो गए। पति के विरोध से तंग आकर महिला और साबिर ने उसे रास्ते से हटाने की योजना बनाई।

साबिर अली ने अपने दोस्त रईस खान से संपर्क किया, जिसने बागपत के शाहरुख को दो लाख रुपए में हत्या की सुपारी दी। शाहरुख ने अपने साथियों अरशद और रवि कश्यप को योजना में शामिल किया। 26 नवंबर 2022 को तीनों विकासनगर के एक लॉज में ठहरे और अगले दिन रईस ने उन्हें शिमला बायपास मेहुवाला में बुलाकर निशाना दिखाया।

हत्या की घटना 28 नवंबर 2022 को घटी। अरशद ने अपने नंबर से ई-रिक्शा चालक को फोन कर गुच्चुपानी की बुकिंग की। पीड़ित ई-रिक्शा में तीनों को आईएसबीटी से गुच्चुपानी ले गया। वहां सभी ने एक साथ शराब पी। शाम को अंधेरा होने पर जब पीड़ित नशे में धुत हो गया, तो रवि कश्यप ने पत्थर से उसके सिर पर वार किया। जब वह गिर गया तो अरशद और शाहरुख ने भी पत्थरों से उसका सिर कुचल दिया। हैरानी की बात यह है कि आरोपियों ने हत्या का वीडियो भी बनाया था।

हत्या के बाद तीनों आरोपी पैदल गुच्चुपानी चौक पहुंचे और वहां से टाटा मैजिक में बैठकर आईएसबीटी गए। बाद में वे अपने-अपने घर चले गए। रईस ने उन्हें एडवांस में 20 हजार रुपए दिए थे और बाकी रकम हत्या के बाद देनी थी।

30 नवंबर 2022 को गुच्चुपानी पिकनिक स्पॉट की पार्किंग के पास तेलपुर मेहुवाला निवासी ई-रिक्शा चालक का शव मिला था। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और कॉल डिटेल की जांच से पता लगाया कि 28 नवंबर को पीड़ित के मोबाइल पर संदिग्ध नंबर से पांच बार कॉल की गई थी। यह नंबर अरशद का था, जिसे बल्लूपुर चौक से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में अरशद ने पूरी साजिश का खुलासा किया और बताया कि साबिर अली ने प्रेम संबंधों के चलते हत्या की सुपारी दी थी।

शासकीय अधिवक्ता अरविंद कपिल के अनुसार, पुलिस की गहन जांच और मजबूत सबूतों के आधार पर अदालत ने यह ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। इस मामले में पुलिस ने आरोपियों के फोन से हत्या का वीडियो भी बरामद किया था, जो अदालत में मुख्य सबूत साबित हुआ।

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