हल्द्वानी। केंद्रीय रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने आज उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की कार्यशैली और नेतृत्व क्षमता की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। धामी सरकार के चार वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित विशेष कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे राजनाथ सिंह ने मुख्यमंत्री को ‘धाकड़’ के बाद अब ‘धुरंधर’ की नई उपाधि से नवाजा है।

भव्य स्वागत और खास ‘केमिस्ट्री’
शनिवार को नैनीताल जनपद के हल्द्वानी पहुंचने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रक्षामंत्री का जोरदार स्वागत किया। हेलीपैड पर दोनों नेताओं के बीच एक आत्मीय तालमेल (केमिस्ट्री) देखने को मिली। सीएम धामी ने उत्तराखंडी परंपरा के अनुसार राजनाथ सिंह को राज्य की गौरवशाली टोपी पहनाई और गुलदस्ता भेंट किया। रक्षामंत्री ने भी बड़े भाई और अभिभावक के रूप में हाथ उठाकर मुख्यमंत्री को शुभाशीष दिया।
‘धाकड़’ से ‘धुरंधर’ तक का सफर
जनसभा को संबोधित करते हुए रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने पुरानी यादें ताजा कीं। उन्होंने कहा:
“साल 2022 के विधानसभा चुनाव में जब पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में हमने स्पष्ट बहुमत हासिल किया था, तब मैंने इन्हें ‘धाकड़ धामी’ कहा था। लेकिन आज इनके चार साल के कार्यकाल को देखकर मैं गर्व से कह सकता हूँ कि हमारे मुख्यमंत्री धाकड़ होने के साथ-साथ ‘धुरंधर धामी’ भी हैं।”
“चार साल में चौका, छह साल में लगेगा छक्का”
क्रिकेट की शब्दावली का प्रयोग करते हुए रक्षामंत्री ने सरकार के कामकाज पर मुहर लगाई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री धामी ने शासन के चार साल पूरे होने पर विकास का शानदार ‘चौका’ मारा है। उन्होंने विश्वास जताया कि जब सरकार छह साल पूरे करेगी, तो धामी विकास का ‘छक्का’ मारने में भी निश्चित रूप से कामयाब होंगे।
विकास के हर मोर्चे पर सराहा
रक्षामंत्री ने उत्तराखंड में हुए बदलावों को रेखांकित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री धामी के विजन से राज्य ने बुनियादी ढांचे (इंफ्रास्ट्रक्चर), पर्यटन और रोजगार के क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति की है। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने और राज्य की आर्थिकी को मजबूती देने के लिए सरकार के प्रयासों की सराहना की।
करीबी रिश्तों की झलक
उल्लेखनीय है कि पुष्कर सिंह धामी और राजनाथ सिंह के बीच लंबे समय से घनिष्ठ संबंध रहे हैं। सीएम धामी उन्हें अपना राजनीतिक अभिभावक मानते हैं, यही कारण है कि अपनी सरकार के इस महत्वपूर्ण पड़ाव के जश्न के लिए उन्होंने राजनाथ सिंह को विशेष रूप से आमंत्रित किया। मंच पर भी दोनों नेता एक-दूसरे के साथ मंत्रणा करते और मुस्कुराते नजर आए, जिसने कार्यकर्ताओं में नया जोश भर दिया है।