केदारनाथ धाम में ‘रील प्रेमियों’ पर नकेल; मोबाइल और कैमरा ले जाने पर लगा बैन, नियम तोड़ा तो भरना होगा भारी जुर्माना

रुद्रप्रयाग/देहरादून (31 जनवरी 2026): आगामी चारधाम यात्रा के दौरान बाबा केदारनाथ के दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए बड़ी खबर है। केदारनाथ धाम की पवित्रता बनाए रखने और ‘रील कल्चर’ (Reels Culture) पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त फैसला लिया है। इस बार केदारनाथ मंदिर परिसर में मोबाइल फोन और कैमरा ले जाना पूरी तरह वर्जित होगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर भारी जुर्माना लगाने की तैयारी की जा रही है।

पिछले कुछ वर्षों में देखा गया है कि श्रद्धालु आस्था की जगह सोशल मीडिया के लिए वीडियो, रील्स और फोटो खींचने में ज्यादा व्यस्त रहते हैं। कई बार यूट्यूबर और रील बनाने वाले मंदिर के गर्भगृह और परिसर में ऐसी हरकतें करते हैं, जिससे धाम की मर्यादा भंग होती है और आम श्रद्धालुओं को दर्शन में भारी असुविधा होती है।
डीएम और बीकेटीसी का संयुक्त एक्शन प्लान रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी प्रतीक जैन ने बताया कि बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) और जिला प्रशासन मिलकर एक विस्तृत कार्य योजना तैयार कर रहे हैं। बैन: मंदिर के भीतर और मुख्य परिसर में किसी भी प्रकार की वीडियोग्राफी या फोटोग्राफी प्रतिबंधित रहेगी। जुर्माना: अगर कोई चोरी-छिपे मोबाइल ले जाता है या रील बनाता पकड़ा जाता है, तो उस पर मोटा जुर्माना लगाया जाएगा और सख्त कार्रवाई होगी।
मंदिर समिति का रुख बदरी-केदार मंदिर समिति के उपाध्यक्ष विजय कप्रवान ने कहा, “श्रद्ध अपनी आस्था के साथ बाबा के पास आते हैं, लेकिन कुछ लोगों की वजह से दर्शन व्यवस्था खराब होती है। इस बार इसे किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हम चाहते हैं कि भक्त शांत मन से और सुगमता से दर्शन करें।”