उत्तराखंड

श्री कुबेर जी की ज्येष्ठ पूजा: बदरीनाथ धाम से बामणी गांव तक धार्मिक उत्सव

 बदरीनाथ धाम:  ज्येष्ठ माह की पारंपरिक पूजा के अवसर पर  कुबेर आज बदरीनाथ धाम से भक्तों के कुशल-क्षेम जानने के लिए बामणी गांव पधारे। इस दिव्य यात्रा में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया और धार्मिक उत्साह के साथ देवताओं के खजांची कुबेर जी का स्वागत किया।

पारंपरिक यात्रा का आरंभ

दोपहर बाद  कुबेर  की प्रतिमा को देव डोली में विराजमान कराकर समारोहपूर्वक बामणी गांव के लिए प्रस्थान हुआ। बदरीनाथ मंदिर के रावल अमरनाथ नंबूदरी ने भगवान बदरीनाथ जी के दिन के भोग के पश्चात कुबेर  की प्रतिमा को गर्भगृह से कुबेर पाश्वों को सौंपा।

“भगवान बदरीविशाल की जय” और “जय श्री कुबेर भगवान” के जयघोष के साथ यात्रा प्रारंभ हुई, जिसमें श्रद्धालुओं का अपार उत्साह देखने को मिला।

बामणी गांव में भव्य स्वागत

बामणी गांव से बड़ी संख्या में श्री कुबेर देवरा एवं ग्राम कल्याण समिति के पदाधिकारी तथा महिला मंगल दल की भक्त मंडली कीर्तन-भजन करते हुए दोपहर में बदरीनाथ मंदिर पहुंची थी।

बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल तथा बदरीनाथ धाम प्रभारी अधिकारी विपिन तिवारी ने देव पाश्वों एवं भक्त मंडली का अंगवस्त्र भेंट कर भव्य स्वागत किया।

उर्वशी मंदिर में भव्य आयोजन

तत्पश्चात माता उर्वशी मंदिर में देवताओं के खजांची कुबेर जी को भोग अर्पित किया गया। उर्वशी मंदिर के पुजारी ब्रजेश कन्नी तथा अमित कन्नी ने पूजा संपन्न की। इस अवसर पर माता नंदा मंदिर के निकट भंडारा का भी आयोजन हुआ।

वापसी और विराजमान

शायंकाल चार बजे श्री कुबेर जी माता उर्वशी मंदिर से वापस श्री बदरीनाथ मंदिर पहुंचे और पुनः मंदिर गर्भगृह में विराजमान हो गए।

सहयोग एवं उपस्थिति

इस धार्मिक आयोजन में निम्नलिखित गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति रही:

बदरीनाथ मंदिर प्रशासन:

  • धर्माधिकारी राधाकृष्ण थपलियाल
  • वेदपाठी रविंद्र भट्ट
  • प्रशासनिक अधिकारी कुलदीप भट्ट
  • प्रशासनिक अधिकारी विवेक थपलियाल
  • सहायक लेखाकार भूपेंद्र रावत

समुदायिक प्रतिनिधि:

  • बीकेटीसी पूर्व उपाध्यक्ष किशोर पंवार
  • मंदिर अधिकारी राजेंद्र चौहान
  • रेडक्रास समिति कोषाध्यक्ष मोहन खत्री
  • कुबेर देवरा समिति अध्यक्ष उत्तम मेहता

कुबेर देवरा समिति पदाधिकारी: जयदीप मेहता, विमलेश पंवार, रामनारायण भंडारी, देवपाश्वा अखिल पंवार, भगत मेहता, सत्यम राणा, वेंकटेश भंडारी, प्रशासक बबीता पंवार

मीडिया प्रभारी:

  • डॉ. हरीश गौड़ (बीकेटीसी मीडिया प्रभारी)
  • नवीन भंडारी
  • विकास सनवाल (सहायक मीडिया प्रभारी)
  • राजदीप सनवाल

पारंपरिक महत्व

यह परंपरा सदियों से चली आ रही है जिसके अनुसार श्री कुबेर भगवान ज्येष्ठ माह में भक्तों से मिलने, कुशल-क्षेम जानने एवं आशीर्वाद देने के लिए बामणी गांव के उर्वशी मंदिर में पधारते हैं। इस धार्मिक परंपरा से स्थानीय समुदाय की आस्था और भी गहरी होती है।

 

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