योजनाओं को गाँव तक पहुंचाने के लिए कार्यशालाओं का आयोजन करें – ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जोशी
कृषि, उद्यान एवं ग्रामीण विकास को गति देने पर कैबिनेट मंत्री का जोर | पौड़ी में क्लस्टर फार्मिंग और फ्लोरीकल्चर विस्तार को लेकर निर्देश

पौड़ी, 21 नवंबर: श्रीनगर स्थित एचएनबी परिसर सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कृषि, उद्यान, ग्राम्य विकास और सैनिक कल्याण विभागों के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक की शुरुआत में उन्होंने कहा कि जनपद के विकास के लिए योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन और लाभ को सही व्यक्ति तक पहुँचाना सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विभाग परस्पर समन्वय बनाकर जमीनी स्तर पर ठोस परिणाम सुनिश्चित करें।
मंत्री ने परियोजना निदेशक, डीआरडीए को निर्देशित किया कि दीन दयाल उपाध्याय कौशल विकास कार्यक्रम के तहत अधिक युवाओं को स्वरोजगार आधारित प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाए, ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ सकें।

कृषि विभाग को एकीकृत क्लस्टर फार्मिंग को बढ़ावा देने तथा उद्यान विभाग को कीवी, सेब और फ्लोरीकल्चर (पुष्प उत्पादन) की संभावनाओं का विस्तार करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि जिले में ड्रैगन फ्रूट की खेती की संभावनाओं पर जिला विकास अधिकारी विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर शीघ्र प्रस्तुत करें।
उन्होंने यह भी कहा कि योजनाओं के प्रचार-प्रसार की कमी के कारण कई पात्र लोग लाभ से वंचित रह जाते हैं। जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिए गए कि कम से कम न्यायपंचायत स्तर पर कार्यशालाएँ आयोजित कर योजनाओं की जानकारी गांव-गांव तक पहुँचाई जाए। मंत्री ने कहा कि ग्राम प्रधान और स्थानीय जनप्रतिनिधि ग्रामीण क्षेत्रों में योजनाओं की जानकारी पहुँचाने का सबसे प्रभावी माध्यम हैं।
पीएमजीएसवाई अधिकारियों को कोटद्वार–दुगड्डा मार्ग के आमसौड़ क्षेत्र में सड़क सुधारीकरण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर जल्द पूरा करने को कहा गया। जिन कार्यों के लिए अतिरिक्त बजट की आवश्यकता है, उनके प्रस्ताव शीघ्र शासन को भेजने के निर्देश दिए गए।
जिला सैनिक कल्याण अधिकारी को निर्देशित किया गया कि शहीदों के सम्मान में परिसंपत्तियों के नामकरण से जुड़े जिन प्रकरणों में तकनीकी या प्रशासनिक बाधाएँ हों, वे सीधे उनके समक्ष प्रस्तुत किए जाएँ ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी गिरीश गुणवंत, परियोजना निदेशक विवेक कुमार उपाध्याय, जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर, जिला उद्यान अधिकारी राजेश तिवारी, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी मेजर करन रावत, जिला परियोजना प्रबंधक कुलदीप बिष्ट और संबंधित विभागों के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।