
आज दिनांक 19 जनवरी, 2026 को समग्र शिक्षा उत्तराखण्ड द्वारा आयोजित ‘शिक्षा की बात‘ कार्यक्रम के दूसरे एपिसोड में मुख्य सचिव, उत्तराखण्ड शासन श्री आनंदवर्धन और शिक्षा सचिव श्री रविनाथ रामन ने प्रदेश के विभिन्न विद्यालयों में संचालित वर्चुअल क्लासरूम के माध्यम से हजारों छात्रों से सीधा संवाद किया। संवाद कार्यक्रम राजीव गांधी नवोदय विद्यालय देहरादून स्थित केन्द्रीय स्टूडियो के माध्यम से वर्चुअली किया गया।

ख्य सचिव ने पेंसिल का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह पेंसिल को शार्प होने के लिए कष्ट सहना पड़ता है, उसी तरह जीवन में सफलता के लिए कड़ी मेहनत का कोई विकल्प नहीं है। उन्होंने छात्रों को सलाह दी कि वे मोबाइल और तकनीक के गुलाम न बनें, बल्कि एक सहायक उपकरण की तरह इसका सदुपयोग करें।
साथ ही मुख्य सचिव द्वारा छात्र-छात्राओं को सम्बोधित करते हुए कैरियर और स्किल के सन्दर्भ मंे जानकारी देते हुए कहा गया कि केवल अच्छे अंक लाना ही काफी नहीं है, बल्कि खेल, कला और संचार कौशल ( Communication Skills) का विकास भी जरूरी है। उन्होंने सभी विद्यालयों को निर्देश दिये कि वे स्थानीय अधिकारियों (जैसे SDM , बैंक मैनेजर, डॉक्टर) को स्कूल में बुलाकर बच्चों का करियर मार्गदर्शन कराएं।
कार्यक्रम के अंत में बच्चों ने माता-पिता व शिक्षकों का सम्मान करने, ईमानदारी से पढ़ाई करने और एक बेहतर इंसान बनने की शपथ ली। यह कार्यक्रम छात्रों के आत्मविश्वास को बढ़ाने और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने का एक सशक्त मंच साबित हुआ। अन्त में मुख्य सचिव, महोदय द्वारा सभी बच्चों से निम्नलिखित तीन संकल्प दिलाये गये –
1. अपने माता-पिता और शिक्षकों का सम्मान करें।
2. ईमानदारी और मेहनत से पढ़ाई करें।
3. प्रतिदिन बेहतर इंसान बनने की कोशिश करते रहें।
कार्यक्रम में श्रीमती बन्दना गब्र्याल, निदेशक, अकादमिक शोध एवं प्रशिक्षण, श्रीमती अमृता जायसवाल, उप राज्य परियोजना निदेशक, श्री अजीत भण्डारी, उप राज्य परियोजना निदेशक, श्रीमती पल्लवी नैन, उप राज्य परियोजना निदेशक एवं समग्र शिक्षा के अधिकारीगण तथा Edutainment Pvt Ltd. संस्था के निदेशक, श्री बालाचन्द्रन, श्रीमती मानसी व श्री रवि झा उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन डाॅ0 बी0पी0 मैंदोली, स्टाफ आॅफिसर, समग्र शिक्षा उत्तराखण्ड द्वारा किया गया।