
हरिद्वार: के लक्सर क्षेत्र में गोली लगने से घायल हुए पश्चिमी उत्तर प्रदेश के हिस्ट्रीशीटर विनय त्यागी की इलाज के दौरान ऋषिकेश एम्स में मौत हो गई। घटना तीन दिन पहले की है, जब विनय त्यागी को जेल से कोर्ट ले जाया जा रहा था। इसी दौरान दो बदमाशों ने पुलिस वाहन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी, जिसमें विनय गंभीर रूप से घायल हो गया था।
विनय त्यागी करोड़ों रुपये की चोरी के मामले में गिरफ्तार किया गया था। बताया जा रहा है कि चोरी किया गया माल मेरठ और गाजियाबाद के एक NHAI ठेकेदार से जुड़ा हुआ था।
विनय की बहन सीमा का आरोप है कि यह चोरी करीब 750 करोड़ रुपये की थी। उनके अनुसार, ठेकेदार ने ईडी की कार्रवाई से बचने के लिए यह माल देहरादून में अपने एक डॉक्टर दोस्त के घर छिपाया था, जिसे बाद में विनय ने चुरा लिया। सीमा का दावा है कि विनय यह पूरा मामला ईडी के सामने उजागर करने वाला था, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
परिजनों ने उत्तराखंड पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार का कहना है कि विनय की हत्या एक साजिश के तहत कराई गई, ताकि NHAI ठेकेदार को बचाया जा सके और उससे जुड़े राज बाहर न आ सकें। परिजनों का दावा है कि विनय की मौत के साथ ही करोड़ों की काली कमाई से जुड़े कई अहम राज दफन हो गए।
मामले को लेकर इलाके में सनसनी है और निष्पक्ष जांच की मांग उठ रही है।