
देहरादून, 13 दिसंबर: कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने शनिवार को कैप्टन प्रतीक आचार्य राजकीय इंटर कॉलेज, डोभालवाला में अपने पिता स्वर्गीय श्याम दत्त जोशी की स्मृति में आयोजित स्व. श्याम दत्त जोशी अंतर विद्यालयी बास्केटबॉल टूर्नामेंट–2025 एवं पुस्तक मेला कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर मंत्री गणेश जोशी ने विधायक निधि वर्ष 2025–26 के अंतर्गत स्वीकृत ₹15.67 लाख की लागत से विद्यालय परिसर में निर्मित बास्केटबॉल कोर्ट, बास्केटबॉल पोल तथा पुस्तकालय स्थापना के कार्यों का विधिवत लोकार्पण किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री गणेश जोशी अपने पिता को स्मरण करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि जीवन में जो भी उपलब्धियां प्राप्त हुई हैं, वे पिता की प्रेरणा, संस्कार और आशीर्वाद का परिणाम हैं। इस दौरान उन्होंने विद्यालय परिसर में अमर शहीद कैप्टन प्रतीक आचार्य की प्रतिमा स्थापना तथा नए विद्यालय कक्ष के निर्माण की भी घोषणा की।

मंत्री जोशी ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा के साथ-साथ खेलों के विकास को भी समान महत्व दे रही है। विद्यालयों में खेल सुविधाओं के विस्तार से विद्यार्थियों में अनुशासन, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता का विकास होता है, जो उनके सर्वांगीण व्यक्तित्व निर्माण में सहायक है।
उन्होंने कहा कि पुस्तकालय किसी भी शिक्षण संस्थान की आत्मा होता है और पुस्तक व्यक्ति की सबसे अच्छी मित्र होती है। पुस्तकालय की स्थापना से विद्यार्थियों को अध्ययन, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और ज्ञानवर्धन में सहायता मिलेगी। उन्होंने शिक्षकों से छात्रों को पुस्तकालय का अधिकतम उपयोग करने के लिए प्रेरित करने का आग्रह किया। साथ ही कहा कि यह पुस्तकालय आसपास के क्षेत्रवासियों के लिए भी उपयोगी सिद्ध होगा।

अमर शहीद कैप्टन प्रतीक आचार्य को नमन करते हुए मंत्री जोशी ने कहा कि शहीदों के नाम पर स्थापित संस्थानों का विकास करना हम सभी का नैतिक दायित्व है। यह शहीदों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होने के साथ-साथ आने वाली पीढ़ी को देशभक्ति, सेवा और समर्पण के मूल्यों से जोड़ने का प्रभावी माध्यम है।
कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश मंत्री नेहा जोशी, मंडल अध्यक्ष प्रदीप रावत, प्रधानाचार्य सुरेंद्र सिंह बिष्ट, वीर माता बीना आचार्य, पार्षद मोहन बहुगुणा, देवी दत्त जोशी, पूनम नौटियाल, सत्येंद्र नाथ सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।