
पंजाब के फिरोजपुर बॉर्डर पर तैनात बीएसएफ के जवान पीके साहू को बुधवार को गलती से सीमा पार करने के बाद पाकिस्तान रेंजर्स ने हिरासत में ले लिया। घटना के वक्त साहू वर्दी में थे और उनके पास सर्विस राइफल भी थी। जवान की गलती से सीमा पार होने की खबर से उनके परिवार में चिंता और बेचैनी का माहौल है।
पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के रिशरा स्थित हरिसभा इलाके के रहने वाले साहू का परिवार उनकी सुरक्षित वापसी की प्रार्थना कर रहा है। जवान के पिता भोलानाथ साहू ने बताया कि बटालियन के कमांडिंग ऑफिसर ने गुरुवार रात उन्हें फोन पर जानकारी दी कि बीएसएफ और पाकिस्तान रेंजर्स के बीच फ्लैग मीटिंग जारी है और रिहाई के प्रयास हो रहे हैं। उन्होंने कहा, “मेरा बेटा देश की सेवा कर रहा है, मुझे पूरा विश्वास है कि सरकार उसकी सुरक्षित वापसी के लिए हर संभव कोशिश करेगी।”
बताया जा रहा है कि जवान सीमा के पास किसानों के एक समूह के साथ मौजूद थे और एक पेड़ के नीचे आराम करने के लिए आगे बढ़े, लेकिन अनजाने में पाकिस्तान की सीमा में प्रवेश कर गए। इसके बाद पाकिस्तान रेंजर्स ने उन्हें हिरासत में ले लिया।
साहू कुछ हफ्ते पहले ही होली मनाकर ड्यूटी पर लौटे थे। उनके परिवार को बुधवार को इस घटना की जानकारी मिली, जिसके बाद से उनकी पत्नी रजनी सदमे में हैं। रजनी अपने सात वर्षीय बेटे और ससुराल वालों के साथ रहती हैं। उन्होंने बताया कि पति से आखिरी बार मंगलवार रात को बात हुई थी, अब वह बस उनके लौटने की दुआ कर रही हैं।
फिलहाल बीएसएफ और भारतीय अधिकारी जवान की रिहाई के लिए पाकिस्तान से लगातार बातचीत कर रहे हैं। पूरे इलाके में साहू की सलामती के लिए दुआओं का सिलसिला जारी है।