सोनाली पुल पर दर्दनाक हादसा, अनियंत्रित कार नीचे गिरी, गाड़ी के उड़े परखच्चे
कार पुल से नीचे गिरने के बाद पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई. ट्रैक्टर की सहायता से दुर्घटनाग्रस्त वाहन को नदी से बाहर निकाला गया.

क्षेत्र में सोनाली नदी पुल पर रविवार को एक बड़ा सड़क हादसा हो गया. रुड़की की ओर जा रही एक कार अचानक अनियंत्रित होकर पुल से नीचे नदी में जा गिरी. हादसा इतना भीषण था कि कार के परखच्चे उड़ गए. उसमें सवार सभी पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं.
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई. स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई, जबकि पुल पर लंबा जाम लग गया. सूचना मिलते ही लक्सर पुलिस मौके पर पहुंची. जिसके बाद राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया. पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को बाहर निकालकर 108 एंबुलेंस के माध्यम से रुड़की अस्पताल भिजवाया, जहां उनका उपचार चल रहा है.
बताया जा रहा है कि कार पुल से नीचे गिरने के बाद पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई. बाद में ट्रैक्टर की सहायता से दुर्घटनाग्रस्त वाहन को नदी से बाहर निकाला गया. लक्सर कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षक नितिन चौहान ने बताया पुलिस को सूचना मिली थी कि सोनाली नदी पुल पर एक कार अनियंत्रित होकर नीचे गिर गई है. पुलिस टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया. हादसे के वक्त कार में कुल पांच लोग सवार थे.
घायलों की पहचान रचना पत्नी जसवीर निवासी मुंडाखेड़ा खुर्द, सोनी पत्नी अनिल निवासी दाबकी महेश्वरी, कोमल पत्नी अमन निवासी मारकपुर, श्रीकांत पुत्र सुरेश निवासी बिजनाखेड़ी थाना नकुड़ सहारनपुर तथा अनिल पुत्र राजेन्द्र निवासी दाबकी महेश्वरी के रूप में हुई है. पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी हुई है.
प्रदेश में लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं में होने वाले मौतों के आंकड़े को देखते हुए परिवहन विभाग जन जागरूकता अभियान चला रहा है. एएनपीआर (ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकगनाइजेशन) कैमरे के जरिए ट्रैफिक नियमों का पालन नहीं करने वाले और ओवर स्पीडिंग करने वालों के खिलाफ चालान की कार्रवाई भी की जा रही है.
प्रदेश में सड़क हादसों से निपटने के लिए ओवर स्पीडिंग पर लगाम लगाने के लिए एनफोर्समेंट की कार्रवाई पर जोर दिया जा रहा है. इसके अलावा प्रदेश के बॉर्डर एरिया के साथ ही राज्य के तमाम महत्वपूर्ण जगहों पर एएनपीआर कैमरे लगाए गए हैं. जिससे ट्रैफिक नियमों का पालन न करने वाले और ओवर स्पीडिंग करने वालों के खिलाफ चालान की कार्रवाई की जा रही है. इन तमाम कोशिशों के बाद भी प्रदेश में सड़क हादसे हो रहे हैं.