आपदा प्रभावित क्षेत्रों के धरातलीय निरीक्षण पर पहुंचे राज्य मंत्री, भूस्खलन के बीच पैदल और लिफ्ट लेकर पहुंचे गांव
पौड़ी जिले के डुंगरी तल्ला में प्रभावित परिवारों से की मुलाकात, संपर्क मार्ग दुरुस्त करने और त्वरित मुआवजा देने के निर्देश जारी

देहरादून: उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते कई जिलों में भारी नुकसान हुआ है। पौड़ी गढ़वाल जिले के विभिन्न गांवों में भूस्खलन और सड़कों के बह जाने से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। स्थिति का जायजा लेने और प्रभावितों की समस्याएं सुनने के लिए प्रदेश के कैबिनेट मंत्री अपने दो दिवसीय दौरे के तहत जमीनी स्तर पर आपदा प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण करने पहुंचे।
क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश और जगह-जगह मार्ग अवरुद्ध होने के बावजूद मंत्री ने पूर्व निर्धारित कार्यक्रमों को स्थगित कर सीधे प्रभावित गांवों का रुख किया। कई स्थानों पर चट्टानें और मलबा आने से सड़कें पूरी तरह बंद थीं, जिसके चलते उन्होंने निजी वाहनों में लिफ्ट ली और कई किलोमीटर तक भूस्खलन से प्रभावित मलबे को पार करते हुए पैदल ही डुंगरी तल्ला गांव पहुंचे।
आपदा प्रभावित गांव में पहुंचकर उन्होंने प्राकृतिक आपदा से प्रभावित 23 परिवारों से सीधा संवाद किया और उनके नुकसान का जायजा लिया। ग्रामीणों ने मंत्री को पेयजल आपूर्ति ठप होने, विद्युत बाधित होने और मुख्य संपर्क मार्गों के क्षतिग्रस्त होने जैसी गंभीर समस्याओं से अवगत कराया। ग्रामीणों की समस्याएं सुनने के बाद मंत्री ने मौके से ही संबंधित अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि संकट की इस घड़ी में सरकार पूरी तरह से प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है। प्राथमिकता के आधार पर बंद पड़े संपर्क मार्गों को खोलने और प्रभावितों को नियमानुसार मुआवजा व तात्कालिक राहत सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश जारी किए गए हैं। साथ ही, जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीमों को अलर्ट मोड पर रहकर राहत और पुनर्वास कार्यों में तेजी लाने को कहा गया है।