
23 नवंबर, बदरीनाथ धाम: बदरीनाथ धाम के कपाट बंद होने की तैयारियाँ अंतिम चरण में हैं। परंपरा के अनुसार पंच पूजा का क्रम 21 नवंबर से शुरू हो गया था। इसी क्रम में रविवार को तीसरे दिन खडग पुस्तक पूजन किया गया तथा वेद ऋचाओं का वाचन शीतकाल के लिए बंद कर दिया गया।
बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि कपाट बंद होने के अवसर पर तैयारियाँ पूरी कर ली गई हैं और सोमवार से मंदिर को फूलों से सजाया जाएगा। कपाट बंद होने के दिन विशिष्ट अतिथियों के आने की भी संभावना है।
पूजन कार्यक्रम में रावल अमरनाथ नंबूदरी, धर्माधिकारी राधाकृष्ण थपलियाल, प्रभारी धर्माधिकारी स्वयंबर सेमवाल, वेदपाठी रविंद्र भट्ट व अमित बंदोलिया सहित आदि केदारेश्वर मंदिर के पुजारियों ने अनुष्ठान संपन्न किया।
इस दौरान बीकेटीसी मुख्य कार्याधिकारी/कार्यपालक मजिस्ट्रेट विजय प्रसाद थपलियाल, मंदिर अधिकारी राजेंद्र चौहान, नगर पंचायत ईओ सुनील पुरोहित, थाना प्रभारी नवनीत भंडारी, प्रशासनिक अधिकारी कुलदीप भट्ट और विकास सनवाल आदि उपस्थित रहे।
बीकेटीसी मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ के अनुसार, पंच पूजा के चौथे दिन 24 नवंबर को माता लक्ष्मी का आमंत्रण होगा। वहीं 25 नवंबर अपराह्न 2 बजकर 56 मिनट पर बदरीनाथ धाम के कपाट शीतकाल के लिए बंद कर दिए जाएंगे।