ब्रिक्स सम्मेलन से उत्तराखंड के विकास को मिलेगी नई रफ्तार: इंफ्रास्ट्रक्चर से लेकर कृषि तक खुलेंगे नए अवसर
न्यू डेवलपमेंट बैंक से मिलेगी बड़ी फंडिंग, आपदा प्रबंधन तकनीक और स्थानीय उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार मिलने से बढ़ेगी किसानों की आय

देहरादून: नई दिल्ली में आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देश और राज्यों के गौरव के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि इस वैश्विक आयोजन से उत्तराखंड जैसे हिमालयी और पर्वतीय राज्यों के सर्वांगीण विकास को एक नई दिशा मिलेगी।
सम्मेलन के दौरान ब्रिक्स के ‘न्यू डेवलपमेंट बैंक’ (NDB) के माध्यम से होने वाले समझौतों से राज्य में सड़कों, बुनियादी ढांचे और सतत विकास (सस्टेनेबल) परियोजनाओं के लिए बड़े पैमाने पर फंडिंग मिलने का रास्ता आसान होगा। इसके अलावा, भौगोलिक रूप से संवेदनशील पहाड़ी राज्यों को आपदाओं से सुरक्षित रखने के लिए आधुनिक तकनीक और पूर्व चेतावनी तंत्र (अर्ली वार्निंग सिस्टम) साझा किया जाएगा, जो उत्तराखंड के लिए जीवन रक्षक साबित होगा।
इस शिखर सम्मेलन का एक बड़ा लाभ राज्य के कृषि क्षेत्र को भी मिलेगा। उत्तराखंड के स्थानीय जैविक उत्पादों—जैसे मंडुआ, झंगोरा, पहाड़ी दालें और हर्बल उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नया पहचान और बड़ा बाजार मिल सकेगा। इससे न केवल राज्य के जैविक उत्पादों की मांग बढ़ेगी, बल्कि स्थानीय किसानों की आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।