देहरादून: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में कॉलेजों और हॉस्टलों में रहने वाले छात्र-छात्राओं तक शराब पहुंचाने वाले गिरोह का आबकारी विभाग ने खुलासा किया है। मामले में मुख्य आरोपी गर्वित, उसके दोस्त आदित्य कुमार और गर्वित की मां को गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले 25 अगस्त की रात को भी दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

जानकारी के मुताबिक, 25 वर्षीय गर्वित उत्तरांचल यूनिवर्सिटी से लॉ की पढ़ाई कर रहा था। पढ़ाई के दौरान उसने देहरादून के अलग-अलग कॉलेजों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं से संपर्क बनाया और इसी नेटवर्क के जरिए शराब की सप्लाई शुरू की।
आरोप है कि गर्वित दिल्ली और हरियाणा से सस्ती और इंपोर्टेड शराब लाकर पीजी और हॉस्टलों में रहने वाले युवाओं तक पहुंचाता था। इस पूरे नेटवर्क को संचालित करने के लिए बाकायदा रेट चार्ट तैयार किया गया था, जिसके आधार पर ग्राहकों को शराब उपलब्ध कराई जाती थी।
शराब की होम डिलीवरी के लिए आरोपी ने आसपास के इलाकों में रहने वाले युवाओं को डिलीवरी बॉय के रूप में भी लगाया था। इस तरह कॉलेजों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं तक शराब पहुंचाने का नेटवर्क चलाया जा रहा था।
मामले में सामने आए आरोपों के मुताबिक, इस अवैध कारोबार के चलते उत्तराखंड सरकार को अब तक 10 करोड़ रुपये से अधिक के राजस्व नुकसान का अनुमान है। आबकारी विभाग की कार्रवाई के बाद इस पूरे नेटवर्क और इससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच महत्वपूर्ण मानी जा रही है।