
रुद्रप्रयाग: बाबा केदारनाथ के दर्शन के लिए जा रहे श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पैदल मार्ग पर आवागमन फिलहाल रोक दिया गया है। चीरबासा हेलीपैड के पास पहाड़ी से अचानक भूस्खलन होने और बड़े-बड़े बोल्डर गिरने से पैदल रास्ते का एक हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। इस घटना में किसी भी प्रकार के जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन रास्ते के असुरक्षित होने के कारण एहतियातन यह कदम उठाया गया है।
मार्ग अवरुद्ध होने की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें तुरंत हरकत में आ गईं। गौरीकुंड से धाम की ओर बढ़ रहे तीर्थयात्रियों को रास्ते में ही safe zones (सुरक्षित स्थानों) पर ठहरा दिया गया है। जब तक पैदल मार्ग की मरम्मत नहीं हो जाती और पहाड़ी से पत्थर गिरने का खतरा टल नहीं जाता, तब तक किसी भी यात्री को आगे जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
चीरबासा का यह इलाका भौगोलिक दृष्टि से काफी संवेदनशील माना जाता है। पहाड़ी से लगातार मलबा गिरने की आशंका को देखते हुए प्रशासन कोई जोखिम नहीं उठाना चाहता। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र की ओर से पूरे घटनाक्रम पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
मौके पर तैनात जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की टीमें रास्ते से मलबा और बड़े पत्थरों को हटाने के कार्य में जुटी हुई हैं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार के अनुसार, पहली प्राथमिकता रास्ते को पूरी तरह सुरक्षित बनाना है। मार्ग के सुचारू और सुरक्षित होते ही प्रशासन की ओर से यात्रा दोबारा शुरू करने की आधिकारिक घोषणा कर दी जाएगी।