चारधाम यात्रा ने तोड़े रिकॉर्ड एक सप्ताह में 3 लाख श्रद्धालु ने किया दर्शन .
श्री बदरीनाथ केदारनाथ यात्रा व्यवस्थाएं सुदृढ़ हेमंत द्विवेदी

उत्तराखंड चारधाम यात्रा निर्बाध गति से चल रही है।श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि चारधाम यात्रा के पहले सप्ताह में रविवार, 26 अप्रैल की रात्रि तक तीर्थयात्रियों की संख्या 3 लाख के पार पहुंच चुकी है। वहीं यात्रा के लिए कुल पंजीकरण का आंकड़ा 24 लाख के करीब पहुंच गया है।बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा निर्देश में श्री केदारनाथ धाम, श्री बदरीनाथ धाम सहित चारधाम यात्रा पूरी तरह सुव्यवस्थित और सुचारू रूप से संचालित हो रही है। तीर्थयात्रियों की संख्या बढ़ी है बावजूद व्यवस्थाएं चाक-चौबंद हैं।
बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि श्री बदरीनाथ-केदारनाथ यात्रा शुरू हुए अभी एक सप्ताह भी पूरा नहीं हुआ है, लेकिन कुछ लोग सोशल मीडिया के माध्यम से यात्रा के विषय में भ्रामक और नकारात्मक प्रचार कर प्रदेश सरकार तथा मंदिर समिति की छवि को धूमिल करने का प्रयास कर रहे हैं। यह न केवल श्रद्धालुओं की आस्था पर आघात है, बल्कि प्रदेश की प्रतिष्ठा को भी नुकसान पहुंचाने की कोशिश है।कहा कि ऐसे यू-ट्यूबर, ब्लॉगर और सोशल मीडिया हैंडलर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी।उन्होंने तीर्थयात्रियों से अपील की है कि भ्रामक खबरों पर विश्वास न करें।बताया कि अब तक सवा दो लाख श्रद्धालुओं ने भगवान बदरीविशाल तथा श्री केदारनाथ जी के दर्शन कर लिए है अभी तक 1,56,913 श्रद्धालु श्री केदारनाथ धाम के दर्शन कर चुके हैं, जबकि 52,225 श्रद्धालु श्री भगवान बदरीविशाल के दर्शन को पहुंच चुके हैं। यह संख्या लगातार बढ़ रही है।
हेमंत द्विवेदी ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए व्यापक और पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। यात्री आवागमन, स्वास्थ्य सेवाएं, आवास, भोजन और आपातकालीन व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।इस बीच, बीकेटीसी के नवनियुक्त मुख्य कार्याधिकारी सोहन सिंह रांगण जल्द ही श्री बदरीनाथ धाम और श्री केदारनाथ धाम की यात्रा व्यवस्थाओं मॉनिटरिंग हेतु पहुंचेंगे,बीकेटीसी अध्यक्ष ने कहा कि चारधाम यात्रा के सुव्यवस्थित संचालन को देखते हुए राज्य सरकार और मंदिर समिति आश्वस्त हैं कि इस वर्ष यात्रा न केवल श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बन रही है , बल्कि बेहतर यात्रा प्रबंधन से तीर्थ यात्रियों को धामों में सरल सुगम दर्शन हो रहे है।