“नौकरी के सपनों के साथ हरिद्वार आया 25 वर्षीय यश, गंगनहर में मिला शव—परिजन सदमे में।”
“बेहतर भविष्य की उम्मीद लेकर कौशांबी से हरिद्वार पहुंचे यश ओझा का 9 अप्रैल के बाद से अपने परिवार से संपर्क टूट गया, जिससे परिजन लगातार चिंता और बेचैनी में रहे।”

हरिद्वार: बेहतर भविष्य की उम्मीद लेकर घर से निकले एक युवक की कहानी दर्दनाक अंत पर आकर थम गई। उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले से नौकरी के इंटरव्यू के लिए हरिद्वार आए 25 वर्षीय यश ओझा का शव गंगा नदी में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई और परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
जानकारी के अनुसार, यश ओझा एक निजी कंपनी में इंटरव्यू देने हरिद्वार आए थे और इस बारे में उन्होंने अपने परिवार को भी सूचित किया था। उन्हें आखिरी बार नगर कोतवाली क्षेत्र के एक होटल में देखा गया था। इसके बाद 9 अप्रैल से उनका अपने परिजनों से संपर्क टूट गया, जिससे परिवार चिंतित होकर उनकी तलाश में जुट गया।
मंगलवार को ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र स्थित रेगुलेटर पुल के पास गंगनहर में एक शव उतराता हुआ दिखाई देने की सूचना पुलिस को मिली। खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम पहुंची और शव को नहर से बाहर निकालकर कब्जे में लिया तथा पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया।

शुरुआत में मृतक की पहचान नहीं हो सकी। बाद में पुलिस जांच के दौरान पता चला कि कौशांबी से लापता एक युवक का हुलिया शव से मेल खाता है। इसके बाद पुलिस ने परिजनों से संपर्क किया। हरिद्वार पहुंचने पर परिजनों ने शव की शिनाख्त यश ओझा के रूप में की, जिससे परिवार में कोहराम मच गया।
फिलहाल, पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि यह एक हादसा था या आत्महत्या। सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की गहनता से जांच की जा रही है।
ज्वालापुर कोतवाली प्रभारी चंद्रभान सिंह ने बताया,
“गंगनहर में उत्तर प्रदेश के एक युवक का शव मिला है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और परिजनों से भी विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।”
रोजगार के सपनों के साथ घर से निकले यश की यह दुखद कहानी जीवन की अनिश्चितताओं को दर्शाती है। यह घटना न केवल एक परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि समाज के लिए भी एक संवेदनशील याद दिलाती है कि हर सफर सुरक्षित और सतर्कता के साथ होना चाहिए।