केदारनाथ में मोबाइल बैन यात्रा से पहले जानें कहां नहीं कर सकेंगे फोटो और वीडियोग्राफी, पढ़ें क्या है पूरे नियम।
बदरी-केदार मंदिर समिति ने केदारनाथ धाम मंदिर परिसर के भीतर मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाया हुआ है.
मंदिर समिति द्वारा मंदिर से 80 मीटर की दूरी पर तय स्थान पर ही श्रद्धालु फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कर सकेंगे. इसके अलावा किसी भी स्थान पर फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध रहेगा.इसके अलावा मंदिर समिति ने इस साल से मंदिर परिसर के पास ही एक स्थान चयनित किया है, जहां लॉकर सुविधा उपलब्ध है, जिसमें श्रद्धालु अपना मोबाइल, पर्स और कीमती सामान सुरक्षित रख सकते हैं.
-विनीत पोस्ती, सदस्य, बदरी केदार मंदिर समिति-
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मंदिर समिति ने देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे धार्मिक मर्यादाओं का पालन करें और धाम की गरिमा बनाए रखें. प्रशासन का कहना है कि इस निर्णय से श्रद्धालुओं को अधिक शांतिपूर्ण, आध्यात्मिक और दिव्य वातावरण में दर्शन का अवसर मिल सकेगा.धार्मिक आस्था और अनुशासन का संगम: केदारनाथ धाम में हर वर्ष लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं. ऐसे में बढ़ती भीड़ और मोबाइल के अत्यधिक उपयोग से उत्पन्न अव्यवस्थाओं को देखते हुए यह कदम उठाया गया है. मंदिर प्रशासन का मानना है कि इससे दर्शन व्यवस्था बेहतर होगी और श्रद्धालु बिना किसी व्यवधान के भगवान केदारनाथ के दर्शन कर सकेंगे.
23 अप्रैल को खुलेंगे बदरीनाथ धाम के कपाट: बता दें कि 19 अप्रैल से उत्तराखंड चारधाम यात्रा का शुभारंभ हो चुका है. पहले गंगोत्री और फिर यमुनोत्री धाम के कपाट 19 अप्रैल को विधि विधान के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ हेतु खोल दिए गए हैं. इसके बाद अब 22 अप्रैल को केदारनाथ धाम के कपाट खोले जाएंगे. जबकि 23 अप्रैल को बदरीनाथ धाम के कपाट अगले 6 माह के लिए खुलेंगे.
दो धामों में पहुंचे 19 हजार से ज्यादा श्रद्धालु: उधर, चारधाम यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह देखा जा रहा है. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, कपाट खुलने के बाद दो दिन के भीतर 19 हजार से ज्यादा यात्री गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के दर्शन कर चुके हैं.