स्पा सेंटर की आड़ में देह व्यापार का खुलासा, 3 आरोपी गिरफ्तार
रुद्रपुर में महिलाओं की मजबूरियों को फायदा उठाकर उनसे स्पा सेंटर आड़ में देह व्यापार कराया जा रहा है, जिसका पुलिस ने आज खुलासा किया.

उधम सिंह नगर जिला मुख्यालय रुद्रपुर में स्पा सेंटर आड़ में देह व्यापार कराया जा रहा था. एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट की मदद से पुलिस ने देह व्यापार के इस धंधे का पर्दाफाश किया. इस मामले में पुलिस ने मौके से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि कई महिलाओं का सुरक्षित रेस्क्यू किया.एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट उधम सिंह नगर की टीम ने रुद्रपुर क्षेत्र में एक स्पा सेंटर पर छापा मारकर अनैतिक देह व्यापार के संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया. यह कार्रवाई निरीक्षक मनोहर सिंह दसौनी के नेतृत्व में की गई, जिसमें पुलिस टीम के अन्य सदस्य भी शामिल थे.
पुलिस को मुखबिर के माध्यम से सूचना मिली थी कि आवास-विकास तिराहे के पास स्थित सन सिटी कॉम्प्लेक्स की दूसरी मंजिल पर कोहिनूर स्पा सेंटर है, जहां लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियां संचालित हो रही हैं. सूचना के आधार पर बिना समय गंवाए टीम ने मौके पर पहुंचकर छापा मारा.
छापेमारी के दौरान पुलिस को देखते ही कुछ लोग भागने लगे, लेकिन तत्परता दिखाते हुए पुलिस ने तीन व्यक्तियों को पकड़ लिया. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास कुमार (22 वर्ष), ओमविजय (28 वर्ष) और स्पा संचालक हरीश साह (39 वर्ष) के रूप में हुई है.
पूछताछ में महिलाओं ने बताया कि वे पिछले कई महीनों से यहां काम कर रही थीं और स्पा के नाम पर उन्हें देह व्यापार के लिए मजबूर किया जाता था. उन्होंने आरोप लगाया कि संचालक हरीश साह और उसका सहयोगी विकास कुमार उन्हें लालच और दबाव में इस काम के लिए मजबूर करते थे. मौके से पुलिस ने कस्टमर एंट्री रजिस्टर और अन्य आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद किया है.सभी सामान को सील कर जब्त कर लिया गया है और जांच के लिए भेजा गया है.पुलिस ने बताया कि बरामद मोबाइल फोन भी विवेचना में शामिल की जाएगी. पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 143 व अनैतिक देह व्यापार निवारण अधिनियम 1956 की धारा 3, 4, 5 और 6 के तहत मामला दर्ज किया है.क्षेत्राधिकारी रुद्रपुर प्रशांत कुमार ने बताया कि मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है. रेस्क्यू की गई महिलाओं को सुरक्षा के तहत महिला पुलिस की निगरानी में रखा गया है और उनके परिजनों से संपर्क करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.पुलिस ने इस मामले में सुप्रीम कोर्ट और मानवाधिकार आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन करने की बात भी कही है. यह कार्रवाई क्षेत्र में चल रही अवैध गतिविधियों के खिलाफ पुलिस की सख्ती को दर्शाती है और ऐसे अपराधों पर लगाम लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.